महिला सिपाही विमलेश हत्याकांड में बड़ी सफलता, मुख्य आरोपी गिरफ्तार — परिजन बोले “सच छिपा रही पुलिस”
Published by धर्मेंद्र शर्मा
बाराबंकी।चर्चित महिला सिपाही विमलेश पाल हत्याकांड में बाराबंकी पुलिस को अहम सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने मुख्य आरोपी इंद्रेश मौर्य को गिरफ्तार कर लिया है। इस बात की पुष्टि पुलिस अधीक्षक अर्पित विजयवर्गीय ने गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर की।
एसपी ने बताया कि गिरफ्तारी के लिए तीन अलग-अलग टीमों का गठन किया गया था, जिन्होंने संयुक्त ऑपरेशन के तहत आरोपी को दबोच लिया। गिरफ्तारी को लेकर पुलिस ने इसे बड़ी उपलब्धि बताया है, लेकिन मामले में उठते सवाल अब भी थमे नहीं हैं।
परिजनों ने पुलिस पर ही लगाए गंभीर आरोप
मृतका के जीजा दिलीप पाल ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उन्होंने दावा किया कि 27 जुलाई को ही पुलिस को विमलेश की स्कूटी बरामद हो गई थी, जबकि उसका शव 30 जुलाई को मिला। दिलीप के मुताबिक, पुलिस ने जानबूझकर स्कूटी को शव मिलने वाली जगह से बरामद दिखाकर साक्ष्य से छेड़छाड़ की है।
दिलीप पाल ने यह भी बताया कि उन्होंने पोस्टमार्टम रिपोर्ट और गिरफ्तारी की जानकारी मांगी थी, जिस पर एसपी ने कहा कि आरोपी की गिरफ्तारी हो चुकी है और रिपोर्ट मसौली थाना से ली जा सकती है।
हत्या या कुछ और? जांच पर मंडरा रहे हैं सवाल
विमलेश का शव मसौली थाना क्षेत्र में संदिग्ध परिस्थितियों में मिला था। शव की हालत बेहद खराब थी, जिससे न केवल हत्या बल्कि दुष्कर्म की आशंका भी उठाई जा रही है।
हालांकि, आरोपी की गिरफ्तारी ने केस को एक मोड़ जरूर दिया है, लेकिन परिजनों के आरोपों ने जांच की पारदर्शिता पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। क्या पुलिस ने वक्त रहते कार्रवाई की? क्या साक्ष्य के साथ कोई हेरफेर हुआ? और क्या सच्चाई अभी भी पर्दे में है?
अब निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट और चार्जशीट पर
पुलिस दावा कर रही है कि अब केस में तेजी लाई जाएगी और जल्द ही चार्जशीट दाखिल की जाएगी। लेकिन मृतका के परिवार की एक ही मांग है—सच सामने आए और दोषियों को कड़ी सजा मिले, चाहे वो कोई भी हो।



