dausa_news – Nation News 18 https://nationnews18.com Latest and Breaking News Mon, 17 Apr 2023 06:09:30 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=6.9.1 https://nationnews18.com/wp-content/uploads/2024/09/cropped-images-7-32x32.png dausa_news – Nation News 18 https://nationnews18.com 32 32 मंगलवार को दौसा में होगा 51 कुंडात्मक नव दिवसीय श्रीरुद्र महायज्ञ का समापन और आयोजित होगा विशाल भंडारा https://nationnews18.com/2248/ https://nationnews18.com/2248/#respond Mon, 17 Apr 2023 06:09:27 +0000 https://nationnews18.com/?p=2248 मंगलवार को श्री 108 महंत श्री देवेंद्रदास जी महाराज, सिद्ध पीठ पोसवाल की तलाई, वीर हनुमान मंदिर के सानिध्य में बाणगंगा पुल, वीर हनुमान मंदिर, खुरी बापी, दौसा में रामलीला के भव्य आयोजन के साथ-साथ 51 कुंडीय श्री रूद्र महायज्ञ का समापन एवं विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा

कार्यक्रम के मुख्य यज्ञचार्य पंडित विष्णु भारद्वाज ने बताया कि इसके लिए हाल ही में विशाल कलश यात्रा का आयोजन करते हुए प्रतिदिन 9 से तक लगातार 51 कुंड का महायज्ञ चल रहा है जिसका मंगलवार को मंडल बलिदान और यज्ञ समिति गुरु महाराज के द्वारा यज्ञ की पूर्णाहुति ब्राह्मण संतों की विदाई और भंडारे का भव्य आयोजन होगा

इस दौरान आसपास के गांव खुरी, खुरीकलां,बापी, चारणवास, रोहड़ा कला, मालावास, जसोदा खुर्द, नाभावाला, गोविंदपुरा, बोरोदा, मालपुरा, चांदराना, सुदर्शनपुरा, झेरा,बिहारीपुरा,बिशनपुरा, बडोली शिवरामपुरा एवं आसपास के सभी गांव के लोग सहयोग करते हुए कार्यक्रम में उपस्थित रह रहे हैं।

]]>
https://nationnews18.com/2248/feed/ 0
दौसा जिले के 32वां स्थापना दिवस पर विशेष :यहां की मूर्तिकला,विश्व की सबसे बड़ी चांद बावड़ी,दरियां विदेशों में जा रही https://nationnews18.com/2187/ https://nationnews18.com/2187/#respond Mon, 10 Apr 2023 05:56:52 +0000 https://nationnews18.com/?p=2187 राजस्थान का दौसा जिला आज अपना 32 वर्ष स्थापना दिवस मना रहा है, जिले से दो मुख्यमंत्री व दो राज्यपाल सहित कई मंत्री रहे.दौसा जिले की सरकार व राजनीति में धाक आजादी के बाद से अब तक बरकरार है। यूं तो सरकार में दौसा से कोई ना कोई विधायक भागीदार रहता है, लेकिन नेतृत्व करने वाले पद पर अब से पहले दो मुख्यमंत्री दौसा से रह चुके हैं। दो राज्यपाल भी देश को दौसा ने दिए तथा एक उप मुख्यमंत्री की राजनीतिक कर्मभूमि दौसा रही है।

  • प्रसिद्ध मेहंदीपुर बालाजी,हर्षद माता मंदिर, चांद बावड़ी,पपलाज माता मंदिर, नीलकंठ मंदिर- गुप्तेश्वर महादेव सहित कई प्रख्यात स्थान भी दौसा जिले में आते हैं।
  • दौसा जिले से स्व. राजेश पायलट, मुरारी लाल मीणा, हरीश चंद्र मीणा, स्व. पंडित नवल किशोर शर्मा जैसी प्रसिद्द राजनीतिक हस्तियाँ भी दौसा की देंन रही।

दौसा राजस्थान का एक ऐतिहासिक शहर एवं लोकसभा क्षेत्र है। यह जयपुर से 54 किलोमीटर की दूरी पर राष्ट्रीय राजमार्ग 21 पर स्थित है। दौसा लम्बे समय तक बडगुर्जरो के आधिपत्य मे रहा।दौसा के किले का निर्माण भी गुर्जरों ने करवाया।आभानेरी मे स्थित चाँदबावडी का निर्माण भी इन्ही की देन हैं। दौसा दुल्हेराय को दहेज मे प्राप्त हुआ। दौसा का नाम पास ही की देवगिरी पहाड़ी के नाम पर पड़ा। दौसा कच्छवाह राजपूतों की पहली राजधानी थी। इसके बाद ही उन्होंने आमेर और बाद में जयपुर को अपना मुख्यालय बनाया। 1562 में जब अकबर ख्वाजा मोइनुद्दीन चिश्ती की जियारत को गए तब वे दौसा में रुके थे। दौसा में ऐतिहासिक महत्व के अनेक स्थान है जो यहाँ के प्राचीन साम्राज्य की याद दिलाते हैं आजादी के बाद सर्व प्रथम जो तिरंगा झंडा लाल किले पर फहराया गया वो दौसा जिले के पास स्थित गांव अलुदा में बनाया गया था। जो दौसा से 10 किमी की दूरी पर है1947 से पहले, दौसा जयपुर के कछवाहा राजपूत राजाओं की रियासत का हिस्सा था। दौसा व्यापक रूप से डूंधार के नाम से जाने जाने वाले क्षेत्र में स्थित है। चौहानों ने भी 10वीं शताब्दी ईस्वी में इस भूमि पर शासन किया था। दौसा को तत्कालीन डूनधार क्षेत्र की पहली राजधानी बनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ था। चौहान राजा सूध देव ने 996 से 1006 ईस्वी के दौरान इस क्षेत्र पर शासन किया। बाद में, 1006 ईस्वी से 1036 ईस्वी तक, राजपूत राजा दुले राय ने 30 वर्षों तक इस क्षेत्र पर शासन किया।

  • दौसा ने देश को प्रमुख स्वतंत्रता सेनानी दिए हैं। टीकाराम पालीवाल और राम करण जोशी उन स्वतंत्रता सेनानियों में से थे जिन्होंने स्वतंत्रता की लड़ाई और रियासतों के एकीकरण के लिए राजस्थान राज्य बनाने के लिए अपना बहुमूल्य योगदान दिया। आजादी के बाद 1952 में टीकाराम पालीवाल राजस्थान के पहले निर्वाचित मुख्यमंत्री थे। इसके अलावा, राम करण जोशी राजस्थान के पहले पंचायती राज मंत्री थे जिन्होंने 1952 में विधानसभा में पहला पंचायती राज विधेयक पेश किया था।
  • कवि सुंदरदास का जन्म चैत्र शुक्ल नवमी को विक्रम संवत 1653 में दौसा में हुआ था। वह एक प्रसिद्ध निर्गुण पंथी संत थे और उन्होंने 42 ग्रन्थ लिखे, जिनमें से ज्ञान सुंदरम और सुंदर विलास प्रसिद्ध हैं।दौसा क्षेत्र में कछवाहा राज्य के संस्थापक दूल्हेराय ने लगभग 1137 ईस्वी में बड़गूजरों को हराकर अपना शासन स्थापित किया था। इसे ढूंढाड़ अंचल के कछवाहा वंश की प्रथम राजधानी बनाया गया। दौसा जिले को जयपुर से पृथक कर 10 अप्रैल 1991 को नया जिला बनाया गया ।
  • राजस्थान में सूर्यवंश के कछवाहा राजवंश (श्रीराम के पुत्र कुश की संतान) की सबसे पहली राजधानी दौसा ही थी। कछवाहा राजवंश को राजस्थान में गढ़ने वाला स्थान दौसा ही है। दूल्हेराय के समय ढूंढ़ाढ प्रदेश की पहली राजधानी दौसा थी। सोढ़देव के निधन के बाद 11वीं सदी में दूल्हेराय काे राजगद्दी मिली थी। बाद में जमवारामगढ़, फिर आमेर और इसके बाद सवाई जयसिंह के समय जयपुर को कछवाहा वंश ने अपनी राजधानी बनाया। दूल्हे राय के पिता साेढ़देव ग्वालियर के शासक थे। दूल्हेराय का ससुराल दाैसा के चाैहान राजवंश में था। तब आधे दाैसा पर चाैहान और आधे पर बड़गूजरों का शासन था।
  • दाैसा के चाैहानों ने अपने दामाद दूल्हेराय काे बुलवाकर अपना राज्य उन्हें सौंप दिया और यहां से गढ़माेरा जाकर वहां अपनी राजधानी बना ली। इसके बाद दूल्हेराय ने भांकरी के युद्ध में बड़गूजरों को परास्त कर संपूर्ण दाैसा पर अपना शासन स्थापित कर लिया। बाद में उन्होंने मांच के अधिपति से युद्ध किया। इस युद्ध में दूल्हेराय के मूर्छित होने और बाद में जमवाय माता की कृपा से होश में आकर युद्ध जीतने का इतिहास भी है। जमवाय माता का उपकार मानते हुए मांच का नाम जमवारामगढ़ हुआ और जमवाय माता को कुलदेवी माना। दूल्हेराय के समय से ही संपूर्ण कछवाहा वंश जमवाय माता को कुलदेवी के रूप में पूजता है। बाद में दूल्हेराय के पुत्र काकिलदेव ने आमेर काे राजधानी बनाया। आमेर के बाद 18वीं सदी में सवाईजयसिंह के समय कछवाहों की राजस्थान में चौथी राजधानी जयपुर को बनाया गया। कछवाहा वंश का साम्राज्य आने के बाद मुगल शासक दौसा को कभी जीत नहीं पाए थे।

 इनसे भी दौसा की पहचान…

रोज 500 किलो डोवठा की खपत

दौसा की स्पेशल मिठाई डोवठा रिश्तों में मिठास घोल रही है। मैदा, देसी घी, चीनी व बादाम आटे से विशेष हल्की आंच पर बनाते हैं। एक उत्पाद के तहत दौसा-बांदीकुई रेलवे स्टेशन पर भी मिलने लगा है। रोज 500 किलो की खपत है।

लवाण की दरियां विदेशों में जा रही

लवाण में 8 से 10 दरी उद्योग के कारखाने संचालित हैं। सप्लाई जर्मनी, ईटली, फ्रांस, इंग्लैंड में ज्यादा होती है। दरी उद्योग का सालाना 10 से 15 करोड़ का व्यापार है। विक्रम सिंह के अनुसार यूएसए में 70 प्रतिशत, यूके, कनाडा, आस्ट्रेलिया में 10% तक खपत है।​​​​​​​

विश्व की सबसे बड़ी चांद बावड़ी

जिले के आभानेरी में स्थित चांद बावड़ी विश्व प्रसिद्ध है। यहां सालभर में हजारों पर्यटक आते हैं। चांद बावड़ी की कलात्मक डिजाइन देशभर में प्रसिद्ध है। यह 13 तल गहरी बावड़ी मानी जाती है। इसे विश्व की सबसे गहरी बावड़ी माना जाता है।​​​​​​​

इंटरनेशनल स्टोन मार्ट में रहती है सिकंदरा की धाक

खास यह है कि इन इकाई यों में पत्थर भी दौसा से बाहर का ही आता है। अनूठी, बेजोड़, अलग-अलग शैलियों की कलाकृतियों की वजह से विश्वव्यापी बाजार में दाैसा की अलग ही छाप है। हालांकि स्टोन श्रमिक सिलिकोसिस की चपेट में भी आ रहे हैं, लेकिन सरकार ने सिलिकोसिस उन्मूलन की दिशा में स्वास्थ्य जांच, उपचार व सहायता सुनिश्चित की है।

बुद्ध और देव प्रतिमाएं सबसे ज्यादा गढ़ते हैं यहां के कलाकार

देश-विदेश की होटल, पार्कों, दिल्ली सेंट्रल विस्टा एवेन्यू में कर्तव्य पथ पर लाल पत्थर से नहर के ऊपर ब्रिज, दोनों रेलिंग, बोलार्ड, जालियां, गार्डन बैंच, वॉल, कोलाइडिंग आदि। दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस-वे पर हवामहल, लालकिला, इंडिया गेट, कुतुबमीनार, जलियांवाला बाग, कीर्ति स्तंभ, अशोक चक्र, चारमीनार, 15 चक्र सहित 55 कलाकृतियां यहीं की है। देश के बड़े शहरों की होटलों व पार्कों में सिकंदरा स्टोन ही ज्यादा लग रहा है। अमेरिका, जापान, जर्मनी, इंगलैंड, लंदन, ब्रिटेन, कुवैत, दुबई, सऊदी में यहां की नक्काशी की मांग सर्वाधिक है। यहां के व्यापारी सीधे व एक्सपोर्ट से विदेशों में माल भेजते हैं।

कंटेंट सहयोग साभार – दैनिक भास्कर , विकिपीडिया

]]>
https://nationnews18.com/2187/feed/ 0
बापी पंचायत के सुदर्शनपुरा में पिछले कई दिनों से ग्रामीण गंदगी एवं कीचड़ से परेशान https://nationnews18.com/2126/ https://nationnews18.com/2126/#respond Tue, 04 Apr 2023 05:56:47 +0000 https://nationnews18.com/?p=2126 दौसा: जिले के बापी ग्राम पंचायत की सुदर्शनपुरा ढाणी में पिछले कई महिनों से क्षेत्रीय निवासियों को गंदगी एवं कीचड़ की समस्या का सामना करना पड़ रहा है.

स्थानीय निवासियों ने बताया की गंदे पानी के निस्तारण को लेकर पंचायत की ओर से यहां बनाए गए गड्ढे कब के भर चुके हैं. उसके बाद अब गंदगी कीचड़ गड्ढे से बाहर ओवरफ्लो होता रहता है जिसके बारे में गांव के सरपंच कई बार अवगत कराया जा चुका है. उसके बाद भी स्थिति यथावत बनी हुई है. साफ़ सफाई को लेकर जब सरपंच को कॉल कर इसके बारे में बताते है तो कई बार इसका समाधान करा देने का आश्वासन दिया परंतु आज तक कोई कार्यवाही नहीं हुई.

इस विषय में जब हमने सरपंच प्रतिनिधि को पूर्व में संपर्क किया तो उन्होंने संवाददाता को इसका समाधान करने की बात कही थी परन्तु समाधान नही होते देख दुबारा जब हमने फोन किया तो कोई जवाब नही मिल पाया .

ग्रामीणों ने बताया की पहले ही आए दिन सभी को मौसमी बीमारियों से परेशान होना पड़ रहा है, ऊपर से इस गंदगी से पनप रही बीमारियां, मक्खी-मच्छर से बच्चों बड़े बुजुर्गों की स्वास्थ्य की चिंता भी बढ़ रही है. कहीं भी आते जाते वक्त ग्रामीण वासी कीचड़ से होकर जाने को मजबूर हो रहे हैं.

]]>
https://nationnews18.com/2126/feed/ 0
दौसा. पुलिस अधीक्षक संजीव नैन ने किया कोतवाली थाने का निरीक्षण https://nationnews18.com/1828/ https://nationnews18.com/1828/#respond Mon, 13 Mar 2023 17:42:17 +0000 https://nationnews18.com/?p=1828 सोमवार को एसपी संजीव नैन कोतवाली पुलिस थाने का निरीक्षण करने पहुंचे। इस दौरान नवनिर्मित थाना भवन के निर्माण कार्य का जायजा लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। जांच अधिकारियों की बैठक लेकर लंबित मुकदमों का निस्तारण व गुणवत्तायुक्त जांच करने को कहा। साथ ही आपराधिक गतिविधियों पर लगाम लगाने के निर्देश दिए। इस दौरान एएसपी डॉ. लालचंद, सीओ कालूराम, थाना प्रभारी लालसिंह आदि मौजूद रहे।

]]>
https://nationnews18.com/1828/feed/ 0
दौसा : सैंथल थाना पुलिस ने बुजुर्ग की हत्या के मामले में चार आरोपियों को किया गिरफ्तार https://nationnews18.com/1821/ https://nationnews18.com/1821/#respond Sun, 12 Mar 2023 07:09:47 +0000 https://nationnews18.com/?p=1821 दौसा जिले की सैंथल थाना पुलिस ने बुजुर्ग की हत्या के मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार सभी आरोपी एक ही परिवार के सदस्य हैं। इन्होंने बुधवार को बापी गांव के ही दूसरे पक्ष से रास्ते के विवाद में कहासुनी के बाद हुए झगड़े में बुजुर्ग पर जानलेवा हमला कर दिया था।

जिसकी इलाज के दौरान अस्पताल में मौत हो गई थी। इसके बाद परिजनों द्वारा किए गए धरना प्रदर्शन से हरकत में आई पुलिस ने 4 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

थाना इंचार्ज घासीलाल ने बताया कि 8 मार्च को मृतक के बेटे मोती सिंह ने एफआइआर दर्ज करवाई थी। जिसमें बताया था कि उसका पिता किशन सिंह राजावत मंदिर में पूजा कर वापस घर लौट रहा था, इस दौरान रास्ते में गांव के ही समुद्र प्रजापत व कैलाश प्रजापत समेत अन्य लोगों ने उसका अपहरण कर जानलेवा हमला कर कर दिया, जिसकी इलाज के दौरान जयपुर के अस्पताल में मौत हो गई।

इस संबंध में मृतक के बेटे ने पुलिस थाने में 19 लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज करवाया था।

एक परिवार के हैं आरोपी

मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने हत्या के आरोपी समुद्र प्रसाद कुम्हार, कैलाश चंद, सुशील कुमार व विनोद कुमार निवासी नई आबादी बापी को गिरफ्तार किया है। आरोपी समुद्र प्रसाद व कैलाश चंद्र के खिलाफ 2-2, जबकि विनोद कुमार के खिलाफ एक प्रकरण दर्ज हैं। पुलिस ने बताया कि फिलहाल मामले की जांच की जा रही है। प्रकरण में संलिप्त अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया जाएगा।

परिवार ने मांगा था 25 लाख का मुआवजा

मामले को लेकर गुरुवार को राजपूत सभा के पदाधिकारियों ने बापी गांव में मृतक के घर के बाहर शव रखकर धरना प्रदर्शन किया था। उन्होंने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर मृतक किशन सिंह के परिजनों को 25 लाख का मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी व पत्नी को पेंशन देने व आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार करने की मांग की थी।

इसकी सूचना पर पहुंचे पुलिस-प्रशासन के अधिकारियों ने समझाइश के बाद मामला शांत करवाया। तब जाकर परिजन अंतिम संस्कार करने को राजी हुए थे।

]]>
https://nationnews18.com/1821/feed/ 0